संदेश

नवंबर, 2018 की पोस्ट दिखाई जा रही हैं

Happy Children Day

  जवाहर लाल नेहरू को बच्चों से बड़ा लगाव था और बच्चे उन्हें प्यार से चाचा नेहरू कहा करते थे।  14 नवंबर   को नेहरू जी का जन्मदिन   बाल दिवस   के रूप में मनाया जाता है। बच्चों के लिए चाचा नेहरू की 3 प्रेरक कहानियां... शिष्टाचार और नेहरूजी बात उन दिनों की है जब पंडित जवाहरलाल नेहरू लखनऊ की सेंट्रल जेल में थे। लखनऊ सेंट्रल जेल में खाना तैयार होते ही मेज पर रख दिया जाता था। सभी सम्मिलित रूप से खाते थे।   एक बार एक डायनिंग टेबल पर एक साथ सात आदमी खाने बैठे। तीन आदमी नेहरूजी की तरफ और चार आदमी दूसरी तरफ।     एक पंक्ति में नेहरूजी थे और दूसरी में चंद्रसिंह गढ़वाली। खाना खाते समय शकर की जरूरत पड़ी। बर्तन कुछ दूर था चीनी का , चंद्रसिंह ने सोचा- ' आलस्य करना ठीक नहीं है , अपना ही हाथ जरा आगे बढ़ा दिया जाए। '    चंद्रसिंह ने हाथ बढ़ाकर बर्तन उठाना चाहा कि नेहरूजी ने अपने हाथ से रोक दिया और कहा- ' बोलो , जवाहरलाल शुगर पॉट (बर्तन) दो। ' वे मारे गुस्से के तमतमा उठे। फिर तुरंत ठंडे भी हो गए और समझाने लगे- ' हर काम के साथ शिष्टाचार आवश्यक है। भोजन की ...

Dikhawa

हमेशा   की   तरह   रामनाथ   जी   आज   भी   सुबह   पाँच   बजे   ही   उठ   गए ,  और   पिछले   चार   घंटे   से   सुबह   की   चाय   का   इन्तज़ार   कर   रहे   हैं ,  उन्होंने   तो   कई   बार   अपने   बेटे   और   बहू   से   कहा   भी   किसुबह   की   चाय   वो   स्वयं ही   बना   लेंगे ,  लेकिन   इस   बात   की   भी   इज़ाज़त   नहीं   मिली ,  क्योंकि   रेणु   को   लगता   हैं   कि   ससुर   जी   रसोई में   से   खानेपीने   का   सामान   उठा   कर   अपने   पास   रख   लेंगेजेल   से   भी   बदत्तर   ज़िन्दगी   जी   रहे   हैं   वो   अपने   बेटेबहू   के   यहाँ ,  लेकिन   अपना   दुःख   ...