Naya Zamana Nai Soch (Story On New Generation)
" अतुल , अरे भई कहाँ हैं तुम्हारा भाई , देखो तो सही ज़रा उसे तैयार हुआ या नहीं।" बनारस वाले फूफाजी के कहते ही अतुल अपने भाई विपुल के कमरे की ओर दौड़ा। " भैया , क्या हुआ आपको तैयार होने में इतना टाइम क्यों लग रहा हैं , बाहर फूफाजी पूरा घर सिर पर उठाए हुए हैं।" " अतुल देख ना भाई ये मेरे फोन को क्या हो गया हैं , कितनी देर से नेहा को फोन लगाने की कोशिश कर रहा हूँ , बात ही नहीं हो पा रही हैं।" " भैया आप भी कमाल करते हैं , अरे अभी थोड़ी ही देर में आपकी बारात नेहा भाभी के घर के बाहर होगी , फिर मिल लेना उनसे , और शादी के बाद वो इसी घर में तो आने वाली हैं।" " हाँ वो सब तो ठीक हैं , लेकिन मुझे उससे एक बहुत ही ज़रूरी बात करनी थी , बाद में कहीं देर ना हो जाए।" विपुल के कहते ही , " मतलब , भैया मैं कुछ समझा नहीं" " अरे अतुल क्या हुआ , तुम तो अपने भाई को लेने गए थे ना , खुद भी वहीं अटक गए क्या ?" इतने में ही बनारस वाले फूफाजी की बाहर से आवाज़ आई। " आया फूफाजी.......क्या हुआ भैया , कोई प्रॉब्लम हुई हैं क्या , आप मुझे सा...